उदयपुर का ‘आरोग्य केंद्र’ बना लाइफसेवर मॉडल, फ्री जांच से बचेंगी जानलेवा बीमारियां, पूरे राजस्थान में होगा लागू

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Udaipur Arogya Kendra : उदयपुर में शुरू किया गया ‘आरोग्य केंद्र’ अब गंभीर बीमारियों की समय पर पहचान का मजबूत जरिया बन रहा है. यहां 30 साल से अधिक उम्र के लोगों की मुफ्त जांच और काउंसलिंग की जा रही है. बढ़ते हार्ट अटैक और ब्रेन हेमरेज के मामलों के बीच यह मॉडल अब पूरे राजस्थान में लागू करने की तैयारी में है.

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उदयपुर : आज के समय में कई ऐसी गंभीर बीमारियां तेजी से बढ़ रही हैं, जिनकी समय पर पहचान हो जाए तो जान बचाई जा सकती है. खासकर ब्रेन हेमरेज और साइलेंट हार्ट अटैक जैसी बीमारियां बिना किसी बड़े संकेत के अचानक सामने आती हैं और कई बार मौत का कारण भी बन जाती हैं. इन्हीं खतरनाक बीमारियों से समय रहते बचाव के लिए उदयपुर शहर में शुरू किया गया ‘आरोग्य केंद्र’ अब एक सफल मॉडल बनकर उभरा है, जिसे पूरे राजस्थान में लागू करने की तैयारी की जा रही है.

उदयपुर के सुपर स्पेशलिटी विंग में संचालित इस आरोग्य केंद्र की शुरुआत अस्पताल अधीक्षक डॉ. विपिन माथुर की देखरेख में की गई थी. शुरुआत से ही इस केंद्र को लोगों का अच्छा रिस्पॉन्स मिला है. अब तक 1100 से ज्यादा मरीज यहां आकर अपनी जांच करवा चुके हैं और इसका लाभ उठा चुके हैं. इस केंद्र की खास बात यह है कि यहां 30 साल से अधिक उम्र के लोगों की निशुल्क जांच की जाती है. साथ ही मरीजों को यह भी बताया जाता है कि वे अपने खानपान और रहन-सहन में किस तरह बदलाव करें, ताकि नॉन-कम्युनिकेबल डिजीज (NCD) यानी लाइफस्टाइल से जुड़ी बीमारियों से बचाव किया जा सके.

30+ के लिए हेल्थ टेस्ट और काउंसलिंग
आरोग्य केंद्र में सेवाएं दे रहे डॉ. बालवीर कुमावत के अनुसार, 30 वर्ष से ऊपर का कोई भी व्यक्ति यहां आकर अपने जरूरी टेस्ट करवा सकता है. मरीजों का पूरा रिकॉर्ड ऑनलाइन पोर्टल पर दर्ज किया जाता है, जिससे उनकी हेल्थ हिस्ट्री को आसानी से ट्रैक किया जा सकता है. इसके अलावा उन्हें भविष्य में बीमारियों से बचाव के लिए डाइट प्लान और लाइफस्टाइल काउंसलिंग भी दी जाती है. लोग समय-समय पर आकर अपनी जांच दोबारा करवा सकते हैं.

‘उदयपुर मॉडल’ से बदलेगी स्वास्थ्य व्यवस्था
डॉक्टरों का कहना है कि हाल के वर्षों में युवाओं में भी साइलेंट हार्ट अटैक और ब्रेन हेमरेज के मामले तेजी से बढ़े हैं, जो एक चिंता का विषय है. ऐसे में इस तरह के केंद्र लोगों को जागरूक करने के साथ-साथ बीमारियों से पहले ही बचाव का एक मजबूत जरिया बन रहे हैं. अस्पताल अधीक्षक डॉ. विपिन माथुर ने बताया कि हाल ही में राजस्थान के चिकित्सा विभाग के सेक्रेट्री ने उदयपुर दौरे के दौरान इस केंद्र का निरीक्षण किया. उन्होंने इस पहल की सराहना करते हुए इसे ‘उदयपुर मॉडल’ के रूप में राज्य के अन्य अस्पतालों में भी शुरू करने के निर्देश दिए हैं. ऐसे में आने वाले समय में यह मॉडल पूरे राजस्थान में लागू हो सकता है, जिससे हजारों लोगों को समय रहते बीमारी की पहचान और बेहतर स्वास्थ्य जीवन जीने में मदद मिलेगी.

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Rupesh Kumar Jaiswal

A Delhi University graduate with a postgraduate Diploma in Journalism and Mass Communication, I work as a Content Editor with the Rajasthan team at News18 India Digital. I’m driven by the idea of turning raw in…और पढ़ें



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