Last Updated:
Bihar Politics : बिहार की सियासत में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है. जनता दल यूनाइटेड के राष्ट्रीय अध्यक्ष को लेकर लंबे समय से चल रही अटकलों पर अब विराम लगता दिख रहा है. पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने स्पष्ट संकेत दिए हैं कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनना लगभग तय है और निशांत कुमार की भूमिका भी बढ़ने वाली है.
संजय कुमार झा और नीतीश कुमार. (फाइल फोटो)
पटना. जेडीयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय कुमार झा ने कहा है कि नीतीश कुमार जी का पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनना तय है और 24 मार्च को इसकी आधिकारिक घोषणा कर दी जाएगी. पार्टी सूत्रों के मुताबिक, 22 मार्च तक नामांकन भरने की आखिरी तारीख है. 24 मार्च को नाम वापस लेने की डेडलाइन है. अगर कोई और नामांकन नहीं आया तो 24 मार्च को ही निर्विरोध चुनाव की घोषणा हो जाएगी. जानकारी के मुताबिक, स्क्रूटनी 23 मार्च को होगी. अगर जरूरत पड़ी तो 27 मार्च को वोटिंग, लेकिन फिलहाल सिर्फ एक नामांकन है.
जेडीयू की रणनीति क्या है?
बता दें कि यह नीतीश कुमार का चौथा या पांचवां टर्म होगा. राज्यसभा सांसद चुने जाने के बाद वे राष्ट्रीय स्तर पर ज्यादा सक्रिय रहेंगे. संजय झा ने कहा कि नीतीश जी पार्टी और सरकार दोनों को गाइड करेंगे. यहां यह भी बता दें कि बिहार में समृद्धि यात्रा जारी है, लेकिन अब फोकस राष्ट्रीय राजनीति पर शिफ्ट हो रहा है. वहीं. बीते आठ मार्च को जदयू में विधिवत रूप से शामिल हुए सीएम नीतीश कुमार के पुत्र निशांत कुमार को लेकर संजय झा ने और भी बड़ा बयान दिया है. संजय झा ने कहा, “निशांत बहुत जल्द सरकार और संगठन दोनों में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभालेंगे. वे लगातार सक्रिय हैं। युवा नेताओं और कार्यकर्ताओं में उनकी अच्छी पॉपुलैरिटी है. निशांत युवा और अच्छी पढ़ाई वाले हैं. नई बिहार सरकार में वे कैबिनेट का हिस्सा बन सकते हैं.
नीतीश कुमार का राष्ट्रीय अध्यक्ष बना तय, बेटा निशांत कुमार को जदयू और सरकार में मिलेगी बड़ी जिम्मेदारी. संजय झा का बड़ा बयान
निशांत कुमार की एंट्री पर बड़ा संकेत
साफ है कि जेडीयू नेता अब खुलकर कह रहे हैं कि निशांत पिता के विकास कार्यों को आगे बढ़ाएंगे और पार्टी में उनका रोल जल्द तय होगा. नीतीश जी के राज्यसभा जाने के बाद बिहार में नया मुख्यमंत्री बन सकता है, और निशांत को डिप्टी सीएम या मंत्री जैसी बड़ी जिम्मेदारी मिलने की चर्चा तेज है. ऐसे में साफ है कि संजय झा का यह बयान बिहार की राजनीति में नया टर्निंग पॉइंट साबित हो सकता है. नीतीश कुमार राष्ट्रीय अध्यक्ष बनकर केंद्र की राजनीति पर फोकस करेंगे, जबकि निशांत राज्य स्तर पर पार्टी को मजबूत करेंगे. JDU कार्यकर्ता इस फैसले से खुश हैं और 24 मार्च का इंतजार अब खत्म होने वाला है.
संगठन और सत्ता दोनों पर पकड़
इस पूरे घटनाक्रम पर राजनीति के जानकारों का मानना है कि अगर नीतीश कुमार पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनते हैं, तो वे एक साथ संगठन और सत्ता दोनों पर अपनी पकड़ मजबूत कर लेंगे. वहीं, इस पूरे घटनाक्रम के बीच संजय झा के मुताबिक पिछले कुछ समय से निशांत कुमार सार्वजनिक रूप से सक्रिय नजर आ रहे हैं और पार्टी से जुड़े कार्यक्रमों में उनकी मौजूदगी बढ़ी है. अब एक कदम और बढ़ते हुए वे जल्द सरकार या संगठन में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाल सकते हैं. ऐसे में जेडीयू के अंदर इसे “नेतृत्व की अगली पीढ़ी” के रूप में देखा जा रहा है. ऐसे में आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि यह बदलाव बिहार की राजनीति और एनडीए के अंदर की राजनीति को कैसे प्रभावित करता है.
About the Author

पत्रकारिता क्षेत्र में 22 वर्षों से कार्यरत. प्रिंट, इलेट्रॉनिक एवं डिजिटल मीडिया में महत्वपूर्ण दायित्वों का निर्वहन. नेटवर्क 18, ईटीवी, मौर्य टीवी, फोकस टीवी, न्यूज वर्ल्ड इंडिया, हमार टीवी, ब्लूक्राफ्ट डिजिट…और पढ़ें




