Last Updated:
India sends emergency relief supplies: अफगानिस्तान में बाढ़, भूकंप और पाकिस्तानी हमलों से संकट गहरा हुआ है. इस बीच भारत ने किचन सेट, हाइजीन किट, स्लीपिंग बैग समेत नई मानवीय सहायता भेजी है. प्राकृतिक आपदा और पाकिस्तानी हमलों से जूड़ रहे इस मुल्क के लोगों के साथ भारत का दिल से दिल का कनेक्शन है.
अफगानिस्तान में प्राकृतिक आपाद के बीच भारत ने बड़ी मात्रा में राहत सामग्री भेजी है. फोटो- MEA
India sends emergency relief supplies: अफगानिस्तान इन दिनों प्राकृतिक आपदाओं और मानवीय संकट की मार झेल रहा है. हाल ही में भारी बारिश, बाढ़ और भूकंप ने वहां सैकड़ों लोगों की जान ले ली तथा हजारों घर तबाह हो गए. ठीक इसी समय जब पाकिस्तान अफगानिस्तान में हवाई हमले कर रहा है और तनाव चरम पर है, भारत ने अफगान लोगों के लिए मानवीय सहायता का नया कंसाइनमेंट भेजा है. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रंधीर जायसवाल के मुताबिक अफगान लोगों को इस कठिन समय में भारत पूर्ण समर्थन दे रहा है. उन्होंने कहा कि बाढ़ और भूकंप से अफगान लोगों को हो रही कठिनाई के इस समय में भारत मानवीय सहायता और आपदा राहत सामग्री पहुंचा रहा है. इसमें किचन सेट्स, हाइजीन किट्स, प्लास्टिक शीट्स, टारपॉलिन, स्लीपिंग बैग्स और अन्य जरूरी सामान शामिल हैं.
अफगानिस्तान में मार्च के अंत और अप्रैल की शुरुआत में भारी बारिश और बाढ़ ने पूर्वी, मध्य और दक्षिणी प्रांतों को बुरी तरह प्रभावित किया. रिपोर्ट्स के अनुसार बाढ़ और भूस्खलन से कम से कम 77 लोग मारे गए तथा 137 से ज्यादा घायल हुए. सैकड़ों घर पूरी तरह नष्ट हो गए या क्षतिग्रस्त हुए. इसके अलावा चार अप्रैल को उत्तरी अफगानिस्तान के बदख्शां प्रांत में 5.8 तीव्रता का भूकंप आया, जिसमें कई लोगों की मौत हुई.
अस्थिर और भुखमरी से जूझ रहा अफगानिस्तान
इन आपदाओं ने पहले से ही अस्थिर और भुखमरी से जूझ रहे अफगानिस्तान को और मुश्किल में डाल दिया है. इसी बीच अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ा हुआ है. फरवरी-मार्च में पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के अंदर हवाई हमले किए, जिनमें काबुल समेत कई इलाकों को निशाना बनाया गया. अफगानिस्तान ने इन हमलों में सैकड़ों नागरिकों, बच्चों और अस्पतालों के प्रभावित होने का आरोप लगाया है. इस संघर्ष ने क्षेत्रीय सुरक्षा स्थिति को और जटिल बना दिया है. इन परिस्थितियों में भारत की पहल को खास माना जा रहा है. भारत ने सिर्फ बाढ़-भूकंप पीड़ितों के लिए ही नहीं, बल्कि मार्च में पाकिस्तानी हमलों के बाद घायलों के इलाज के लिए भी 2.5 टन इमरजेंसी मेडिकल सहायता भेजी थी. रंधीर जायसवाल ने स्पष्ट कहा कि भारत अफगान लोगों के साथ एकजुटता व्यक्त करता है और इस चुनौतीपूर्ण समय में मानवीय सहायता बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है.
भारत-अफगानिस्तान संबंधों में ‘दिल से दिल का कनेक्शन’ लंबे समय से मजबूत रहा है. तालिबान शासन के बावजूद भारत ने कभी मानवीय आधार पर मदद बंद नहीं की. पिछले वर्षों में भी भारत ने सड़कें, बांध, संसद भवन जैसी परियोजनाओं के अलावा आपदा राहत में अग्रणी भूमिका निभाई है. इस बार भेजी गई सामग्री तत्काल जरूरतों- आश्रय, स्वच्छता और दैनिक उपयोग की चीजों को पूरा करने पर केंद्रित है.
About the Author

न्यूज18 हिंदी में बतौर एसोसिएट एडिटर कार्यरत. मीडिया में करीब दो दशक का अनुभव. दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण, आईएएनएस, बीबीसी, अमर उजाला, जी समूह सहित कई अन्य संस्थानों में कार्य करने का मौका मिला. माखनलाल यूनिवर्स…और पढ़ें




