बंगाल के ‘कुरुक्षेत्र’ में सच की जीत होगी, रूपा गांगुली ने TMC को घेरा, ‘मुर्दों’ के नाम पर वोटिंग का खात्मा

Date:


होमताजा खबरदेश

बंगाल के ‘कुरुक्षेत्र’ में सच की जीत होगी, ममता सरकार पर बरसीं रूपा गांगुली

Last Updated:

रूपा गांगुली ने कहा कि ‘आयुष्मान भारत’ योजना को लागू न करने के लिए बंगाल सरकार की आलोचना की गई है. इस बात पर सवाल उठाए गए हैं कि क्या राज्य-स्तरीय योजनाएं अन्य प्रदेशों में उपलब्ध लाभों के समान लाभ प्रदान करती हैं. रूपा गांगुली ने कहा कि बीजपी के सत्ता में आने पर अन्य राज्यों की तरह ही बंगाल में भी अधिक वित्तीय सहायता और कल्याणकारी योजनाएं शुरू की जाएंगी.

ख़बरें फटाफट

Zoom

रूपा गांगुली ने ममता बनर्जी की सरकार पर जमकर हमला बोला. (फाइल फोटो)

कोलकाता. पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के महासंग्राम के बीच सोनारपुर दक्षिण (Sonarpur South) से भारतीय जनता पार्टी (BJP) की उम्मीदवार, पूर्व सांसद और मशहूर अभिनेत्री रूपा गांगुली ने ‘News18’ से एक्सक्लूसिव बातचीत की है. इस कड़े और बेबाक इंटरव्यू में उन्होंने राज्य की सत्ताधारी पार्टी तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) पर तीखे प्रहार करते हुए 2021 की चुनाव बाद की हिंसा, फर्जी वोटिंग और राज्य में विकास के अकाल जैसे गंभीर मुद्दे उठाए हैं.

रूपा गांगुली के एक्सक्लूसिव इंटरव्यू की 5 सबसे ‘विस्फोटक’ बातें:

‘मुर्दों’ के नाम पर वोटिंग का खात्मा: रूपा गांगुली ने सबसे बड़ा दावा किया है कि पिछले चुनावों में मृतकों के नाम पर फर्जी वोट डाले गए, जिसका सीधा फायदा सत्ताधारी पार्टी को मिला. उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग (EC) की ‘स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन’ (SIR) प्रक्रिया से अब इन घुसपैठियों और फर्जी वोटरों की सफाई हो गई है, जिससे कम मार्जिन वाली कई सीटों के नतीजे पूरी तरह पलट जाएंगे.

2021 की हिंसा और ‘पॉलिटिकल’ पुलिस: 2021 के चुनाव बाद हुई खौफनाक हिंसा (Post-Poll Violence) और पार्टी कार्यकर्ताओं की हत्याओं को याद करते हुए उन्होंने कहा कि जनता उस खौफ को भूली नहीं है. उन्होंने तत्कालीन नौकरशाही और पुलिस पर ‘राजनीतिक’ रूप से काम करने और मूकदर्शक बने रहने का गंभीर आरोप लगाया.

आयुष्मान भारत और रोजगार का अकाल: उन्होंने राज्य सरकार पर केंद्र की ‘आयुष्मान भारत’ (Ayushman Bharat) योजना लागू न करने को लेकर कड़ा प्रहार किया. इसके साथ ही उन्होंने कहा कि राज्य में औद्योगिक विकास ठप है और युवा बेरोजगारी से त्रस्त हैं. जनता इस ‘संकट’ से जल्द से जल्द छुटकारा पाना चाहती है.

सोनारपुर से गहरा नाता और विस्थापन का दर्द: खुद को बाहरी बताने के नैरेटिव को तोड़ते हुए रूपा गांगुली ने अपनी जड़ों का जिक्र किया. उन्होंने बताया कि उनका परिवार 1947 में बांग्लादेश से विस्थापित होकर आया था. उन्होंने अपनी मेहनत की कमाई से सोनारपुर में घर खरीदा है, इसलिए वे स्थानीय लोगों के दर्द और संघर्ष को बेहद करीब से समझती हैं.

ये चुनाव ‘कुरुक्षेत्र’ है: सत्ताधारी पार्टी के ‘परिवर्तन’ के नारे को छलावा बताते हुए गांगुली ने कहा कि बंगाल की स्थिति पहले से बदतर हुई है. उन्होंने मौजूदा चुनावी लड़ाई को ‘कुरुक्षेत्र’ करार दिया और दावा किया कि इस धर्मयुद्ध में अंततः सच की ही जीत होगी और राज्य में बदलाव निश्चित है.



Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

More like this
Related