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बीजेडी सांसद ने कहा कि वेस्ट एशिया के हालात से ग्लोबल लेवल पर टेंशन है. भारत अपनी जरूरत का काफी तेल बाहर से मंगाता है. इंटरनेशनल मार्केट में तेल के दाम ऊपर-नीचे हो रहे हैं. केंद्र सरकार ने लोगों को राहत देने के लिए एक्साइज ड्यूटी कम की है. सस्मित पात्रा के मुताबिक इससे सरकार को 3 से 4 लाख करोड़ रुपए का रेवेन्यू लॉस होगा.
केंद्र सरकार ने पेट्रोल-डीजल के एक्साइज ड्यूटी में कटौती कर बड़ी राहत दी है. (फाइल फोटो)
नई दिल्ली. बीजू जनता दल (बीजेडी) सांसद सस्मित पात्रा ने पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष को लेकर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि इसका असर वैश्विक स्तर के साथ-साथ भारत की अर्थव्यवस्था पर भी पड़ रहा है. बीजद सांसद सस्मित पात्रा ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बात करते हुए कहा कि अंतरराष्ट्रीय हालात के चलते तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है, जिसका सीधा प्रभाव भारत जैसे आयात पर निर्भर देशों पर पड़ता है. इसी संदर्भ में केंद्र सरकार की ओर से एक्साइज ड्यूटी में की गई कटौती का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि इससे सरकार को लगभग 3 से 4 लाख करोड़ रुपए का राजस्व नुकसान होने का अनुमान है.
सर्वदलीय बैठक को लेकर पात्रा ने बताया कि यह बैठक सभी राजनीतिक दलों को साथ लाने के उद्देश्य से बुलाई गई थी, जिसमें उन्होंने बीजू जनता दल (बीजेडी) का प्रतिनिधित्व किया. इससे पहले मुख्यमंत्रियों के साथ भी एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई थी. उन्होंने कहा, जब कोई अंतरराष्ट्रीय मुद्दा भारत की अर्थव्यवस्था को प्रभावित करता है, तो उससे निपटने के लिए केंद्र और राज्य सरकारों के साथ-साथ विपक्ष और सत्ता पक्ष सभी को एकजुट होकर काम करना चाहिए. इस तरह के मुद्दों पर राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर एक समान सोच और साझा रणनीति अपनाना जरूरी है.
इसके अलावा, पात्रा ने ओडिशा में हाल ही में हुई एक दर्दनाक घटना पर भी प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा कि कुछ दिन पहले ट्रॉमा आईसीयू में आग लगने से कई निर्दोष लोगों की जान चली गई थी, जो बेहद दुखद और चिंताजनक है. उन्होंने आरोप लगाया कि इस गंभीर घटना के बावजूद राज्य में किसी भी जिम्मेदार अधिकारी या नेता ने इसकी जिम्मेदारी नहीं ली है. उन्होंने विशेष रूप से राज्य के मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री की भूमिका पर सवाल उठाते हुए कहा कि ऐसी घटनाओं में जवाबदेही तय होना बेहद जरूरी है.
बता दें कि 16 मार्च को कटक के एससीबी मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में हुई आग की घटना में आधिकारिक तौर पर 12 मरीजों की जान चली गई थी. इस मामले में अग्निशमन विभाग के तीन अधिकारी और एक इंजीनियर को कर्तव्य में लापरवाही के आरोप में निलंबित कर दिया गया था. रिपोर्टों के अनुसार, 16 मार्च की देर रात एससीबी मेडिकल कॉलेज के ‘ट्रॉमा केयर सेंटर’ के आईसीयू में बिजली के शॉर्ट सर्किट के कारण भीषण आग लग गई थी.
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राकेश रंजन कुमार को डिजिटल पत्रकारिता में 10 साल से अधिक का अनुभव है. न्यूज़18 के साथ जुड़ने से पहले उन्होंने लाइव हिन्दुस्तान, दैनिक जागरण, ज़ी न्यूज़, जनसत्ता और दैनिक भास्कर में काम किया है. वर्तमान में वह h…और पढ़ें




