Indo Israeli Colorful Shimla Mirch Agriculture Technology Tips: बिहार के किसान अब पारंपरिक खेती छोड़ आधुनिक तकनीक अपनाकर मालामाल हो रहे हैं. नालंदा स्थित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, चंडी में इंडो-इजरायल तकनीक के जरिए रंगीन शिमला मिर्च (लाल और पीली) की खेती मिसाल बन गई है. सामान्य शिमला मिर्च जहां 30-40 रुपये प्रति किलो बिकती है. वहीं रंगीन शिमला मिर्च बाजार में 80 से 150 रुपये तक का भाव दिला रही है. साइड इंचार्ज भूषण प्रसाद सिंह के अनुसार पॉली हाउस में खेती करने का सबसे बड़ा फायदा इसकी लंबी अवधि है. जहां सामान्य फसल 4 महीने चलती है. वहीं आधुनिक तकनीक से यह 8 महीने तक पैदावार देती है. यह फसल को मौसम की मार से बचाती है. जुलाई तक उत्पादन सुनिश्चित करती है. चंडी सेंटर अब तक लगभग 35 हजार किसानों को प्रशिक्षित कर चुका है. कम लागत और कम मैनपावर में अधिक मुनाफे वाली इस खेती को अपनाकर बिहार के किसान अब आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन रहे हैं. किसी भी मिट्टी में बेहतर बीज और सही देखभाल के साथ यह कमाई वाली सब्जी हर मौसम में मांग में रहती है.





