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PM Modi And Trump Talks: अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने सीएनएन-न्यूज़18 से एक्सक्सूसिव बातचीत में बताया कि पीएम मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप के बीच मिडिल ईस्ट के युद्ध पर अहम बातचीत हुई है. इस कॉल का फोकस ईरान द्वारा स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में पैदा किए गए खतरों को खत्म करना था. अमेरिका चाहता है कि भारत की एनर्जी सप्लाई सुरक्षित रहे और अंतरराष्ट्रीय जल क्षेत्र पर किसी एक देश की मनमानी न चले.
ईरान संघर्ष शुरू होने के बाद पीएम मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप के बीच पहली बार बातचीत. (Image created with AI)
नई दिल्ली: पीएम नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप के बीच ‘मिडिल ईस्ट के मौजूदा हालात और युद्ध को लेकर काफी शानदार चर्चा हुई.’ भारत में अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने CNN-News18 को दिए इंटरव्यू में यही बताया. उनके मुताबिक, इस फोन कॉल का मुख्य मकसद अंतरराष्ट्रीय जल क्षेत्र ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ को फिर से खुलवाना था. अमेरिकी राजदूत ने सीधे तौर पर ईरान को घेरते हुए उसे इस पूरे विवाद के लिए जिम्मेदार ठहराया है. सर्जियो गोर के मुताबिक ईरान इकलौता ऐसा देश है जो इस क्षेत्र से निकलने वाले तेल और एलपीजी जहाजों को निशाना बनाने की धमकी दे रहा है. स्ट्रेट ऑफ होर्मुज एक अंतरराष्ट्रीय जल मार्ग है जिस पर किसी एक देश का अधिकार नहीं होना चाहिए.
गोर ने कहा कि अमेरिका का मानना है कि ईरान पूरे विश्व की ऊर्जा जरूरतों को बंधक बनाकर बैठा है. ट्रंप प्रशासन चाहता है कि भारत और बाकी दुनिया को बिना किसी रुकावट के अपनी जरूरत का तेल और गैस मिलता रहे.





