Kalindi Kunj Flyover News: दिल्ली-एनसीआर में सफर करने वाले करीब 6 लाख लोगों को जिसका इंतजार लंबे समय से था, आखिरकार वह खबर आ गई है. घंटों में जाम में क्लच-ब्रेक दबा-दबा के परेशान हो चुके लोग अब जल्द ही हवा से बातें करेंगे. नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) ने लंबे समय से लंबित दो-तरफा कालिंदी कुंज फ्लाईओवर के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है. यह फैसला बुधवार को दिल्ली और नोएडा ट्रैफिक पुलिस के अधिकारियों के साथ हुई बैठक में लिया गया, जिससे कालिंदी कुंज जंक्शन जल्द ही सिग्नल-फ्री हो जाएगा. हालांकि अप्रत्यक्ष रूप से इससे नोएडा, ग्रेटर नोएडा, फरीदाबाद और दिल्ली में रहने वाली करीब दो करोड़ की आबादी को फायदा होगा.
कालिंदी कुंज दिल्ली-नोएडा बॉर्डर पर स्थित एक ऐसा चोक पॉइंट है, जहां हर रोज नोएडा, फरीदाबाद, बदरपुर और सेंट्रल दिल्ली से आने वाली भारी वाहन आवाजाही टकराती रहती है. पीक आवर्स में यहां घंटों लंबी कतारें लग जाती हैं. मुंबई एक्सप्रेसवे के खुलने के बाद फरीदाबाद-बदरपुर से नोएडा की ओर ट्रैफिक की रफ्तार और बढ़ गई, जिससे जंक्शन पर स्थिति और बिगड़ गई.
दिल्ली ट्रैफिक पुलिस के एडिशनल कमिश्नर (ट्रैफिक) दिनेश कुमार गुप्ता ने बताया, ‘बैठक में डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR) दिखाई गई. दो लूप रोड्स या फ्लाईओवर बनाए जाएंगे. पहला लूप नोएडा से आने वाले वाहनों को कालिंदी कुंज ब्रिज से फरीदाबाद और मुंबई एक्सप्रेसवे की ओर बिना जंक्शन में रुके जाने देगा. दूसरा लूप फरीदाबाद-मुंबई एक्सप्रेसवे से आने वाले वाहनों को सीधे ओखला बैराज रोड से नोएडा की ओर जोड़ेगा. इससे पूरा जंक्शन सिग्नल-फ्री हो जाएगा.’
सिग्नल फ्री रोड पर फर्राटा भरेंगी गाड़ियां
वर्तमान इंटरसेक्शन भी बरकरार रहेगा, लेकिन उसे भी सिग्नल-फ्री बनाया जाएगा और कुछ हिस्सों को चौड़ा किया जाएगा. खादर पुलिया इंटरसेक्शन को नोएडा से जोड़ने और वापसी लिंक बनाने का यह प्रोजेक्ट अगस्त 2025 में दिल्ली ट्रैफिक पुलिस द्वारा पहली बार NHAI के सामने रखा गया था. तब से यह लंबित पड़ा था.
ट्रैफिक पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि यह सिर्फ शहर स्तर का जंक्शन नहीं है, बल्कि दिल्ली-नोएडा-फरीदाबाद के बीच रीजनल ट्रैफिक को हैंडल करता है. यहां एक छोटी-सी अड़चन पूरे कॉरिडोर पर असर डालती है.
क्या हैं इस मंजूरी के मायने
- दिल्ली में जाम की समस्या काफी पुरानी और भीषण है. कालिंदी कुंज का यह जंक्शन इसलिए भी खास है क्योंकि यह नोएडा, दिल्ली और फरीदाबाद को जोड़ता है और तीनों शहरों के कम्यूटर्स यहां से रोजाना गुजरते हैं.
- . मुंबई एक्सप्रेसवे के खुलने के बाद से कालिंदी कुंज के इस चौराहे पर फरीदाबाद-बदरपुर से नोएडा की ओर ट्रैफिक की रफ्तार और बढ़ गई, जिससे जंक्शन पर स्थिति और बिगड़ गई. यहां रोजाना करीब दो लाख लोग रोजाना गुजरते हैं और करीब 6 लाख लोग जाम में फंसकर प्रभावित होते हैं. हालांकि इससे 4 शहरों के करीब दो करोड़ लोगों को फायदा होगा.
- .खादर पुलिया इंटरसेक्शन को नोएडा से जोड़ने और वापसी लिंक बनाने का यह प्रोजेक्ट अगस्त 2025 में दिल्ली ट्रैफिक पुलिस द्वारा पहली बार NHAI के सामने रखा गया था. तब से यह लंबित पड़ा था. अब इसे मंजूरी मिलने से यह बड़ी खुशखबरी बन गया है.
केंद्र सरकार भी गंभीर
केंद्र सरकार भी दिल्ली में ट्रैफिक जाम की समस्या को गंभीरता से ले रही है. हाल ही में लोकसभा में बताया था कि अश्रम-बदरपुर समेत तीन महत्वपूर्ण कॉरिडोर पर इंफ्रास्ट्रक्चर अपग्रेडेशन का काम चल रहा है. केंद्रीय राज्य मंत्री और पूर्वी दिल्ली सांसद हर्ष मल्होत्रा ने कहा था कि इन फ्लाईओवरों से यात्रा का समय काफी कम हो जाएगा.
कब तक बनेगा फ्लाईओवर
एचटी की खबर के मुताबिक एनएचएआई की मंजूरी और DPR के पूरा होने के साथ अब प्रोजेक्ट इंप्लीमेंटेशन के चरण में पहुंच गया है. हालांकि निर्माण की समयसीमा अभी घोषित नहीं की गई है, लेकिन दिल्ली-नोएडा-फरीदाबाद के रोजाना सफर करने वाले हजारों लोगों को उम्मीद है कि यह फ्लाईओवर उनकी रोजमर्रा की मुश्किलों को काफी हद तक कम कर देगा.
एक बार यह फ्लाईओवर तैयार हो गया तो कालिंदी कुंज का घंटों का जाम पुरानी याद बनकर रह जाएगा और यहां सिग्नल फ्री रोड पर गाड़ियां फर्राटा भरेंगी.


