Last Updated:
39 runs in an over in t20i: टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में एक ओवर में सर्वाधिक रन बनाने का रिकॉर्ड सामोआ के बल्लेबाज के नाम है. विस्फोटक बल्लेबाज डेरियस विसर ने वनुआतु के खिलाफ एक ओवर में रिकॉर्ड 39 रन बटोरकर युवराज सिंह के 17 साल पुराने 36 रनों के रिकॉर्ड को ध्वस्त कर दिया था. इस ऐतिहासिक ओवर में विसर ने छह छक्के जड़े, जबकि गेंदबाज की तीन नो-बॉल ने स्कोर को वर्ल्ड रिकॉर्ड तक पहुंचा दिया. टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में यह अब तक का सबसे महंगा ओवर है.
नई दिल्ली. क्रिकेट की अनिश्चितताओं के खेल में अक्सर एक जुमला दोहराया जाता है. रिकॉर्ड्स टूटने के लिए ही बनते हैं. लेकिन कुछ कीर्तिमान ऐसे होते हैं जो समय की कसौटी पर इतने खरे उतरते हैं कि उन्हें छूना भी नामुमकिन लगने लगता है. साल 2007 के पहले टी20 विश्व कप में जब युवराज सिंह ने स्टुअर्ट ब्रॉड के एक ओवर में छह छक्के जड़कर 36 रन बटोरे थे, तो क्रिकेट जगत को लगा था कि हमने टी20 का ‘अंतिम शिखर’ देख लिया है. लगभग दो दशकों तक 36 रनों का वह आंकड़ा एक जादुई सीमा बना रहा, जिसे पार करना तो दूर, उसकी बराबरी करना भी किसी चमत्कार से कम नहीं था.
लेकिन आधुनिक क्रिकेट का स्वरूप बदल चुका है. बल्लेबाजों की बढ़ती आक्रामकता, पावर-हिटिंग की नई तकनीकों और छोटे मैदानों ने उन सीमाओं को चुनौती देना शुरू कर दिया है जिन्हें कभी ‘अजेय’ माना जाता था. 20 अगस्त 2024 को क्रिकेट के इतिहास में एक ऐसा पन्ना जुड़ा, जिसने युवराज सिंह के उस ‘गोल्डन स्टैंडर्ड’ रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया. सामोआ के एक गुमनाम से लगने वाले बल्लेबाज डेरियस विसर (Darius Visser ) ने वह कर दिखाया जो दुनिया के दिग्गज बल्लेबाज नहीं कर पाए थे. उन्होंने एक ही ओवर में 39 रन बटोरकर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में तहलका मचा दिया.
केवल ताकत का प्रदर्शन नहीं था
सामोआ और वनुआतु के बीच खेले गए इस ऐतिहासिक टी20 इंटरनेशनल मैच में डेरियस विसर ने वह मुकाम हासिल किया जो अब तक के क्रिकेट इतिहास का सबसे महंगा ओवर साबित हुआ. यह कारनामा केवल ताकत का प्रदर्शन नहीं था, बल्कि विपक्षी गेंदबाज की मनोवैज्ञानिक हार और विसर की एकाग्रता का मिश्रण था.वनुआतु के गेंदबाज नलिन निपिको के लिए वह ओवर किसी डरावने सपने जैसा था, जबकि विसर के लिए वह इतिहास रचने का जरिया बन गया.
ओवर की कहानी किसी थ्रिलर फिल्म के क्लाइमेक्स जैसी थी
उस ऐतिहासिक ओवर की कहानी किसी थ्रिलर फिल्म के क्लाइमेक्स जैसी थी.ओवर की पहली तीन गेंदों पर विसर ने अपने इरादे साफ कर दिए और लगातार तीन गगनचुंबी छक्के जड़े. गेंदबाज नलिन निपिको पर दबाव इस कदर हावी हुआ कि उनकी लय पूरी तरह बिगड़ गई. दबाव में उन्होंने एक नो-बॉल फेंकी, जिसे विसर ने निर्दयता से सीमा रेखा के पार भेजकर एक और छक्का जड़ दिया. इसके बाद भी गेंदबाज की मुश्किलें कम नहीं हुईं. घबराहट में निपिको ने दो और नो-बॉल फेंक दीं. विसर ने इन गलतियों का पूरा फायदा उठाया और ओवर का अंत एक और विशाल छक्के के साथ किया.
विसर सामोआ के पहले शतकवीर हैं
नतीजा यह रहा कि एक ओवर में कुल 39 रन बने. हालांकि विसर ने उस ओवर में छह छक्के ही लगाए थे, लेकिन गेंदबाज द्वारा डाली गई तीन नो-बॉल्स ने स्कोर को 36 के पुराने रिकॉर्ड से आगे पहुंचा दिया. विसर केवल इस ओवर के लिए ही याद नहीं रखे जाएंगे, बल्कि वह सामोआ के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में शतक बनाने वाले पहले खिलाड़ी भी बने, जो उनकी प्रतिभा का प्रमाण है.
डेरियस विसर के नाम एक ओवर में सबसे ज्यादा रन बनाने का विश्व रिकॉर्ड
यदि हम टी20 इतिहास के सबसे महंगे ओवरों पर नजर डालें, तो अब डेरियस विसर 39 रनों के साथ शीर्ष पर काबिज हैं. उनसे पहले यह ताज संयुक्त रूप से कई दिग्गजों के पास था. युवराज सिंह ने 2007 में इंग्लैंड के खिलाफ 36 रन बनाकर इस सिलसिले की शुरुआत की थी. इसके बाद 2021 में वेस्टइंडीज के कीरोन पोलार्ड ने श्रीलंका के खिलाफ एक ओवर में छह छक्के लगाकर युवराज के रिकॉर्ड की बराबरी की.
नेपाल के दीपेंद्र सिंह ऐरी ने एक ओवर में छह छक्के जड़े थे
हाल के समय में, यानी 2024 की शुरुआत में भारत के रोहित शर्मा और रिंकू सिंह ने अफगानिस्तान के खिलाफ मिलकर एक ओवर में 36 रन बटोरे थे. जो एक संयुक्त प्रयास था. वहीं नेपाल के दीपेंद्र सिंह ऐरी ने भी कतर के खिलाफ एक ओवर में छह छक्के जड़ने का कारनामा कर इस एलीट क्लब में अपनी जगह बनाई थी. लेकिन विसर ने इन सभी दिग्गजों को पीछे छोड़ते हुए एक नया पैमाना तय कर दिया .
प्रतिभा किसी बड़े नाम या देश की मोहताज नहीं होती
डेरियस विसर की यह उपलब्धि हमें बताती है कि क्रिकेट अब केवल तकनीक का खेल नहीं रह गया है, बल्कि यह मानसिक मजबूती और मौके को भुनाने की कला बन चुका है. जिस रिकॉर्ड को 17 सालों तक कोई तोड़ नहीं पाया था, उसे सामोआ जैसे उभरते हुए क्रिकेट देश के खिलाड़ी ने तोड़कर यह साबित कर दिया कि प्रतिभा किसी बड़े नाम या देश की मोहताज नहीं होती. 39 रनों का यह नया रिकॉर्ड अब आने वाले खिलाड़ियों के लिए एक नई चुनौती है. यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या भविष्य में कोई बल्लेबाज 40 रनों की बाधा को पार कर पाएगा, या विसर का यह ’39 रनों का पहाड़’ सालों तक क्रिकेट प्रेमियों को हैरान करता रहेगा. फिलहाल, टी20 की दुनिया में डेरियस विसर का नाम सुनहरे अक्षरों में दर्ज हो चुका है.
About the Author

कमलेश राय वर्तमान में News18 इंडिया में बतौर चीफ सब-एडिटर कार्यरत हैं. 17 वर्षों से अधिक के अपने सुदीर्घ पत्रकारीय सफर में उन्होंने डिजिटल मीडिया की बारीकियों और खबरों की गहरी समझ के साथ एक विशिष्ट पहचान बनाई ह…और पढ़ें


