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टेस्ट, वनडे और टी20 में आईसीसी करने जा रही है 4 बड़े बदलाव, एक ही मैच में लाल और पिंक दोनों गेंदों से खेलेंगे खिलाड़ी, नया प्लान लीक!

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टेस्ट, वनडे और टी20 में आईसीसी करने जा रही है 4 बड़े बदलाव, नया प्लान लीक!

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ICC New Rules 2026: आईसीसी 30 मई को अहमदाबाद में होने वाली बोर्ड मीटिंग में क्रिकेट के नियमों में ऐतिहासिक बदलाव करने की तैयारी में हैण् नए प्रस्तावों के तहत, टेस्ट मैच के दौरान खराब रोशनी होने पर लाल गेंद को गुलाबी गेंद से बदला जा सकेगा. वहीं, वनडे में ड्रिंक्स ब्रेक के दौरान हेड कोच को मैदान पर रणनीति बनाने की अनुमति मिलेगी, जबकि टी20 में इनिंग्स ब्रेक का समय 20 मिनट से घटाकर 15 मिनट किया जाएगा. इसके अलावा, लाइव मैच में ‘हॉक-आई’ तकनीक से अवैध बॉलिंग एक्शन पर तुरंत एक्शन लिया जा सकेगा.

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30 मई को इसपर लग सकती है मुहर.

नई दिल्ली. आईसीसी क्रिकेट को और अधिक रोमांचक, पारदर्शी और समय का पाबंद बनाने के लिए खेल के नियमों (प्लेइंग कंडीशंस) में ऐतिहासिक बदलाव करने की तैयारी में है. ये संभावित बदलाव क्रिकेट के तीनों फॉर्मेट टेस्ट (रेड-बॉल/पिंक-बॉल), वनडे और टी20 इंटरनेशनल पर व्यापक असर डालेंगे. क्रिकेट के गलियारों में सबसे ज्यादा चर्चा एक ही मैच के दौरान अलग-अलग रंग की गेंदों के इस्तेमाल को लेकर हो रही है. अगर 30 मई को अहमदाबाद में होने वाली आईसीसी बोर्ड की आगामी बैठक में इन क्रांतिकारी प्रस्तावों को हरी झंडी मिल जाती है, तो विश्व क्रिकेट का रंग-रूप पूरी तरह बदल जाएगा.

आइए विस्तार से समझते हैं कि आईसीसी क्रिकेट के तीनों फॉर्मेट में क्या-क्या बड़े बदलाव करने जा रही है. खराब रोशनी का परमानेंट इलाज, मैच के बीच बदलेगा गेंद का रंग. टेस्ट क्रिकेट में अक्सर कम रोशनी (बैड लाइट) या खराब मौसम के कारण खेल रुक जाता है, जिससे प्रशंसकों और ब्रॉडकास्टर्स का मजा किरकिरा होता है. आईसीसी अब इसका एक अनोखा तोड़ निकालने जा रही है. अगर दिन के खेल के दौरान रोशनी कम होती है, तो मैच को रोकने के बजाय रेड बॉल (लाल गेंद) को पिंक बॉल (गुलाबी गेंद) से बदल दिया जाएगा.

30 मई को इसपर लग सकती है मुहर.

फ्लडलाइट्स का इस्तेमाल
दोनों टीमों के कप्तानों और अंपायरों की सहमति से मैच को फ्लडलाइट्स (अंडर लाइट्स) में जारी रखा जा सकेगा. इससे टेस्ट मैचों के ड्रा होने की संभावना कम होगी और दर्शकों को पूरे 90 ओवर का खेल देखने को मिलेगा. क्रिकेट इतिहास में यह पहली बार होगा जब एक ही पारी या मैच में दो अलग-अलग रंग की गेंदों का उपयोग किया जाएगा. ड्रिंक्स ब्रेक में मैदान पर रणनीति बनाएंगे हेड कोच रणनीति के लिहाज से वनडे क्रिकेट को और अधिक आक्रामक बनाने के लिए आईसीसी फुटबॉल और रणनीतिक टाइम-आउट की तर्ज पर एक नया नियम ला रही है. अब वनडे मैचों में ड्रिंक्स ब्रेक के दौरान सिर्फ पानी की बोतलें ही मैदान पर नहीं जाएंगी, बल्कि टीम के हेड कोच भी मैदान के अंदर जा सकेंगे.

मौजूदा नियम
फिलहाल नियम यह है कि सिर्फ सब्स्टीट्यूट (अतिरिक्त) खिलाड़ी ही मैदान पर ड्रिंक्स लेकर जा सकते हैं और वे कोच का संदेश कप्तानों तक पहुंचाते हैं. टी20 क्रिकेट में कोचों को पहले से ही रणनीतिक ब्रेक में मैदान पर जाने की अनुमति है. कोच सीधे मैदान पर जाकर कप्तान और सीनियर खिलाड़ियों के साथ लाइव मैच की परिस्थितियों के हिसाब से नई रणनीति साझा कर सकेंगे. इससे मैच के बीच में ही पासा पलटने वाले फैसले देखने को मिल सकते हैं.

इनिंग्स ब्रेक में कटौती, समय की होगी बचत
टी20 क्रिकेट को अपनी रफ्तार और रोमांच के लिए जाना जाता है. आईसीसी इस फॉर्मेट को और अधिक चुस्त-दुरुस्त बनाना चाहती है ताकि मैच अपने निर्धारित समय सीमा के भीतर खत्म हो सकें. दो पारियों के बीच मिलने वाले इनिंग्स ब्रेक के समय को 20 मिनट से घटाकर 15 मिनट कर दिया जाएगा. समय की इस 5 मिनट की कटौती से टीमों को अगली पारी के लिए मानसिक रूप से तैयार होने और सुस्ताने का समय कम मिलेगा. कप्तानों और कोचों को अब ड्रेसिंग रूम में बहुत तेजी से अपनी रणनीति को अंतिम रूप देना होगाय. ब्रॉडकास्टर्स के लिए भी मैच का समय कम होना फायदेमंद साबित होगा.

अवैध बॉलिंग एक्शन पर ‘हॉक-आई’ का कड़ा पहरा
क्रिकेट में गेंदबाजों के संदिग्ध या अवैध बॉलिंग एक्शन (चकिंग) को पकड़ना हमेशा से अंपायरों के लिए एक बड़ी चुनौती रहा है. अब तक ऐसे मामलों में मैच के बाद अंपायर अपनी रिपोर्ट सौंपते थे और गेंदबाज को आईसीसी की लैब में टेस्ट के लिए भेजा जाता था. लेकिन अब तकनीक खेल के मैदान पर ही इसका फैसला करेगी. ऑन-फील्ड अंपायरों को लाइव मैच के दौरान ही हॉक-आई तकनीक से मिलने वाले डेटा और ग्राफिक्स को देखने की अनुमति होगी. अगर कोई गेंदबाज मैच के दौरान अपनी कोहनी को तय सीमा (15 डिग्री) से ज्यादा मोड़ता है, तो अंपायर लाइव मैच में ही डेटा देखकर उस पर एक्शन ले सकेंगे. अंपायर के पास यह अधिकार होगा कि वह उस गेंदबाज को तुरंत आगे गेंदबाजी करने से रोक दे. इससे खेल में पारदर्शिता आएगी और चकिंग करने वाले गेंदबाजों पर शिकंजा कसेगा.

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Kamlesh Raiचीफ सब एडिटर

कमलेश राय वर्तमान में News18 इंडिया में बतौर चीफ सब-एडिटर कार्यरत हैं. 17 वर्षों से अधिक के अपने सुदीर्घ पत्रकारीय सफर में उन्होंने डिजिटल मीडिया की बारीकियों और खबरों की गहरी समझ के साथ एक विशिष्ट पहचान बनाई ह…और पढ़ें



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