22.3 C
Munich

पहले भाभी फ‍िर देवर, एक-एक कर क्‍यों मर गए, पति ने बताया उस रात आखिर क्‍या हुआ था?

Must read


Last Updated:

Etawah News: यूपी के इटावा में एक भाभी और देवर ने फांसी लगाकर जान दे दी, जिसके पास पूरे इलाके में कोहराम मचा हुआ है. पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है और पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आखिर भाभी और देवर ने ये आत्मघाती कदम क्यों उठाया.

Zoom

इटावा देवर भाभी सुसाइड

इटावा: उत्तर प्रदेश के इटावा जिले से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जिसने पूरे इलाके को दहला दिया. यहां एक शादीशुदा भाभी और अववाहित देवर ने फांसी लगाकर जान दे दी है. पहले भाभी ने और उसके बाद देवर ने फांसी लगाकर जान दे दी है. भाभी तारा और अविवाहित देवर अंकित के जान देने को लेकर गांव देहात में तरह-तरह की चर्चाएं चल रही हैं, लेकिन कोई भी व्यक्ति खुलकर कुछ नहीं बोल पा रहा है.

देवर भाभी के आत्महत्या की यह घटना यूपी के इटावा जिले के भरेह इलाके के हरोली बहादुरपुर गांव में घटी है. देवर-भाभी के आत्महत्या की घटना को लेकर इलाके में कोहराम मचा हुआ है. कोई कुछ समझ नहीं पा रहा है कि दोनों ने आखिरकार आत्महत्या क्यों की है. ना ही परिजन कुछ स्पष्ट रूप से बता पा रहे हैं और ना ही पुलिस अधिकारी घटना को लेकर कोई सही और सटीक जानकारी दे पा रहे हैं. देवर-भाभी की आत्महत्या की घटना ने हर किसी को दंग कर दिया है.

ग्रामीणों में तरह-तरह की चर्चाएं
इटावा के गांव हरौली बहादुरपुर में भाभी के फंदे से लटककर आत्महत्या कर लेने के 12 घंटे बाद देवर ने भी बबूल के पेड़ पर रस्सी का फंदा लगाकर जान दे दी. भाभी-देवर की मौत से घर में मातम पसर गया है. घटना को लेकर ग्रामीणों में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं. हालांकि पुलिस घरेलू कलह में दोनों के आत्महत्या करने की बात कह रही है. वहीं लोग यह भी कह रहे हैं कि विवाहिता की मौत को लेकर दहेज एक्ट में परिवार पर कार्रवाई के डर से देवर ने यह कदम उठाया है.

पति के ना होने पर पत्नी ने उठाया आत्मघाती कदम
भरेह थाना क्षेत्र के हरौली बहादुरपुर निवासी पिंकू दोहरे मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करता है. पति पिंकू ने बताया कि 28 साल की उसकी पत्नी तारा कानपुर देहात के थाना रसूलाबाद के घुक्कापुरवा की रहने वाली थी. पिंकू का उससे छह साल पहले विवाह हुआ था. तारा ने शादी के बाद दो बच्चों को जन्म दिया, लेकिन दोनों की अस्पताल में ही मृत्यु हो गई थी, तब से वह काफी परेशान थी. घटना के दिन की जानकारी देते हुए पति ने बताया कि रात खाना खाकर वह बाहर टहलने चला गया था. इसके बाद 11 बजे जब वह वापस लौटा तो कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था. काफी प्रयास के बाद भी जब कुंडी नहीं खुली तो खिड़की से झांककर देखा, जहां तारा का शव फंदे से लटका मिला.

मायके वालों को है अंदेशा
पिता और मायके पक्ष के लोगों ने किसी पर भी कोई आरोप नहीं लगाया है. उनका कहना है कि संतान न होने के दु:ख में वह अक्सर गुमसुम रहती थी और शायद इसी की वजह से उसने यह आत्मघाती कदम उठाया है. तारा का शव मुख्यालय से पोस्टमार्टम के बाद गांव पहुंच पाता, तब तक उसके देवर अंकित ने गांव के बाहर यमुना नदी के किनारे बबूल के पेड़ पर लटककर जान दे दी. देवर-भाभी के आत्महत्या की घटना से परिवार में कोहराम मचा हुआ है. दोनों के शवों को इटावा मुख्यालय पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है.

About the Author

authorimg

आर्यन सेठ

आर्यन ने नई दिल्ली के जामिया मिलिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई की और एबीपी में काम किया. उसके बाद नेटवर्क 18 के Local 18 से जुड़ गए.



Source link

- Advertisement -spot_img

More articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -spot_img

Latest article