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सीएम योगी ने बच्चों से अपील करते हुए कहा कि बच्चे बाल बना करके आएं. रवि किशन की नकल करने की आवश्यकता नहीं है की बड़े-बड़े बाल बना करके रखकर के आएं. छोटे बाल बना करके, मेरी तरह छोटे-छोटे बाल होने चाहिए.
सीएम योगी आदित्यनाथ ने रवि किशन पर ली चुटकी.
गोरखपुरः यूपी सरकार का कोई कार्यक्रम या बीजेपी की कोई रैली गोरखपुर में हो, मंच पर सीएम योगी आदित्यनाथ हों तो ऐसा बहुत ही कम मौका होता है कि वह सांसद रवि किशन की खिंचाई ना करें या फिर उनके साथ मजाक ना करें. गोरखपुर में एक कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बच्चों से अपील करते हुए कहा कि रवि किशन की नकल न करें, मेरे जैसे छोटे-छोटे बाल रखिए. इस बात को लेकर सीएम योगी ने एक किस्सा भी सुनाया, जिसको सुनकर मंच पर मौजूद सभी लोग हंसने लगे.
‘रवि किशन की नकल करने की जरूरत नहीं’
सीएम योगी ने बच्चों से अपील करते हुए कहा कि बच्चे बाल बना करके आएं. रवि किशन की नकल करने की आवश्यकता नहीं है की बड़े-बड़े बाल बना करके रखकर के आएं. छोटे बाल बना करके, मेरी तरह छोटे-छोटे बाल होने चाहिए. मैं गया था एक दिन एक छोटे बच्चे के मुंडन संस्कार में, यहीं गोरखपुर में. वहां तीन साल का बच्चा था. मैंने उसको कहा भाई तुम्हारे बाल सब कट गए. तो बच्चे ने कहा कि नहीं-नहीं, कटे नहीं हैं. मैं तो आपकी तरह दिखने के लिए अपना बाल बनवाया हूं. आज देखो, तीन साल का बच्चा मुझसे कहता है. कहता है कि आपकी तरह दिखने के लिए मैंने अपने बाल बनवाए हैं. उन बच्चों को अगर आप बताएंगे कि नाखून बड़े नहीं होने चाहिए, बाल ठीक होने चाहिए तो वह सब करेंगे.
रवि किशन की पीएचडी वाली डिग्री पर सीएम योगी ने ली चुटकी
इसके अलावा सीएम योगी ने रवि किशन की पीएचडी वाली डिग्री पर मजाक करते हुए कहा कि हमारे सांसद जी रवि किशन जी मेरे सामने आए. उन्होंने कहा कि आपने मुझे बधाई नहीं दी. मैंने कहा काहे की बधाई? कहा कि मुझे पीएचडी की उपाधि मिली है. हमने कहा कि वह मानद उपाधि है. यह कह रहे हैं कि मैं प्रोफेसर लिखूंगा. अरे हमने कहा प्रोफेसर लिख नहीं सकते आप. वह मानद उपाधि है. आप उस डिग्री को लेकर के जाएंगे तो आपको उसके नाम पर नौकरी नहीं मिलनी है. आप केवल उसको टांग सकते हैं अपने साथ में.
‘डिग्री को गले में टांग कर जाइए’
इसके अलावा सीएम योगी ने कहा कि रवि किशन उस डिग्री को गले में टांग करके जाइए. कह रहे थे कि डॉक्टर लिखूंगा तो अब ऐसे डॉक्टर बनकर के कहीं उपचार करने चला गया तो क्या होगा. आपने पीएचडी नहीं की है. विप्रात जी ने पीएचडी की थी, प्रोफेसर के रूप में उन्होंने सेवा दी. लेकिन रविकिशन प्रोफेसर नहीं लिख सकते. मानत उपाधि मिली है. इसके तो हम उनको बधाई देते हैं.
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Prashant Rai am currently working as Chief Sub Editor at News18 Hindi Digital, where he lead the creation of hyper-local news stories focusing on politics, crime, and viral developments that directly impact loc…और पढ़ें


