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Jitesh sharma took garbage on his pocket: दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में आईपीएल 2026 के दौरान कुदरत का अजीब नजारा दिखा. दिल्ली कैपिटल्स और आरसीबी के मैच में अचानक आए धूल के तूफान ने विजिबिलिटी कम कर दी, जिससे खेल रोकना पड़ा. धूल से परेशान खिलाड़ी चेहरे ढंकते नजर आए. इसी बीच आरसीबी के विकेटकीपर जितेश शर्मा ने मैदान पर उड़ने वाले पॉलिथीन कचरे को खुद उठाकर अपनी जेब में रख लिया. उनकी इस खेल भावना और जागरूकता ने प्रशंसकों का दिल जीत लिया.
जितेश शर्मा कचरा उठाकर जेब में भरने लगे.
नई दिल्ली. दिल्ली की तपती गर्मी और स्टेडियम में गूंजता शोर एक शानदार खेल की गवाही दे रहा था, लेकिन तभी कुदरत ने अपना एक अलग ही रूप दिखाया. अचानक उठी धूल भरी आंधी ने न केवल खेल की लय बिगाड़ी, बल्कि मैदान पर एक ऐसी स्थिति पैदा कर दी जिसे क्रिकेट प्रेमी लंबे समय तक याद रखेंगे.अरुण जेटली स्टेडियम में आईपीएल 2026 का 39वां मुकाबला दिल्ली कैपिटल्स और रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के बीच रोमांच की चरम सीमा पर था. लेकिन अचानक धूल के बवंडर की एंट्री हुई और खिलाड़ी परेशान होने लगे.कुछ समय के लिए बैट्समैन को गेंद दिखनी बंद हो गई वहीं फील्डर भी धूल से परेशान होते दिखाई दिए.
आंधी सिर्फ धूल नहीं लाई, बल्कि अपने साथ प्लास्टिक के बैग और पॉलिथीन का कचरा भी उड़ाकर मैदान के अंदर ले आई. देखते ही देखते हरी घास पर सफेद पॉलिथीन के टुकड़े बिखर गए. जहां एक तरफ खेल रुकने से खिलाड़ी परेशान थे, वहीं आरसीबी के विकेटकीपर जितेश शर्मा ने कुछ ऐसा किया जिसने सबका ध्यान अपनी ओर खींच लिया. मैदान पर बिखरे कचरे को देखकर जितेश हाथ पर हाथ धरे नहीं बैठे. उन्होंने झुककर मैदान पर पड़ी पॉलिथीन को समेटना शुरू किया और डस्टबिन न मिलने पर उन्हें अपनी जर्सी की जेब में ही डाल लिया. उनकी इस सादगी और पर्यावरण के प्रति संवेदनशीलता ने सोशल मीडिया पर प्रशंसकों का दिल जीत लिया. एक ऐसे समय में जब करोड़ों की नजरें उन पर थीं, जितेश ने साबित किया कि खेल भावना सिर्फ रनों और विकेटों तक सीमित नहीं होती, बल्कि यह मैदान और खेल के प्रति सम्मान दिखाने में भी है.
जितेश शर्मा कचरा उठाकर जेब में भरने लगे.
मैच के बीच में ही अचानक हवाओं ने अपनी रफ्तार बदली और देखते ही देखते पूरा स्टेडियम रेतीले बवंडर की चपेट में आ गया. दृश्यता (Visibility) इतनी कम हो गई कि नॉन-स्ट्राइकर एंड पर खड़े बल्लेबाज को गेंदबाज का चेहरा तक दिखना मुश्किल हो गया.अंपायरों को सुरक्षा के मद्देनजर कुछ देर के लिए तुरंत खेल रोकने का फैसला लेना पड़ा. फ्लड लाइट्स की तेज रोशनी में धूल की मोटी परत साफ तैरती नजर आ रही थी, जो किसी फिल्मी सीन जैसा डरावना और हैरान करने वाला मंजर था.
खिलाड़ियों की मुश्किल और सुरक्षा की जंग
धूल भरे तूफान ने मैदान पर मौजूद खिलाड़ियों की परीक्षा लेनी शुरू कर दी. तेज हवाओं के साथ उड़ती मिट्टी आंखों में जलन पैदा कर रही थी. आरसीबी और दिल्ली कैपिटल्स के खिलाड़ी मैदान पर ही अपने चेहरों को तौलिये, रुमाल और जर्सी से ढंकते नजर आए। कुछ खिलाड़ी डगआउट की ओर भागे, तो कुछ ने अपनी आंखों को बचाने के लिए चश्मों का सहारा लिया. स्टेडियम में मौजूद हजारों दर्शक भी इस अचानक आए बदलाव से मायूस दिखे, क्योंकि मैच एक बेहद दिलचस्प मोड़ पर था. क्रिकेट के मैदान पर बारिश की वजह से खेल रुकना आम बात है, लेकिन दिल्ली की इस ‘गर्मी वाली आंधी’ ने खेल के रोमांच को एक अलग ही चुनौती दे दी.
दिल्ली के इस ‘धूल भरे ड्रामे’ ने आईपीएल के इस सीजन को एक और यादगार किस्सा दे दिया. जहां एक तरफ आंधी ने खिलाड़ियों को परेशान किया, वहीं जितेश शर्मा की छोटी सी पहल ने इस घटना को एक सकारात्मक मोड़ दे दिया. मैच का नतीजा जो भी हो, लेकिन ‘क्लीन इंडिया’ का संदेश देने वाले जितेश ने निश्चित रूप से यह मैच जीत लिया.
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कमलेश राय वर्तमान में News18 इंडिया में बतौर चीफ सब-एडिटर कार्यरत हैं. 17 वर्षों से अधिक के अपने सुदीर्घ पत्रकारीय सफर में उन्होंने डिजिटल मीडिया की बारीकियों और खबरों की गहरी समझ के साथ एक विशिष्ट पहचान बनाई ह…और पढ़ें


