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रिंकू सिंह का ‘फिनिशर’ अवतार…. आखिरी ओवर में आया छक्कों का सैलाब, लगातार 4 गेंदों पर जड़े सिक्स

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रिंकू सिंह का ‘फिनिशर’ अवतार…. आखिरी ओवर में आया छक्कों का सैलाब

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Rinku Singh 4 consecutive sixes : कोलकाता नाइट राइडर्स और लखनऊ सुपर जायंट्स के बीच मुकाबले में रिंकू सिंह ने एक बार फिर अपनी जादुई बल्लेबाजी से प्रशंसकों का दिल जीत लिया. जब केकेआर की टीम 155 रनों पर संघर्ष कर रही थी, तब रिंकू ने आखिरी ओवर में गेंदबाज दिगवेश राठी की लगातार चार गेंदों पर चार गगनचुंबी छक्के जड़कर स्टेडियम में सनसनी फैला दी. 51 गेंदों पर 83 रनों की नाबाद पारी खेलकर रिंकू ने साबित कर दिया कि उन्हें मॉडर्न क्रिकेट का सर्वश्रेष्ठ फिनिशर क्यों माना जाता है.

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रिंकू सिंह ने आखिरी ओवर में लगातार चार छक्के जड़े.

नई दिल्ली. कोलकाता नाइट राइडर्स और लखनऊ सुपर जायंट्स के बीच खेले गए इस मुकाबले का रोमांच जब अपने चरम पर था, तब क्रीज पर एक ऐसा नाम मौजूद था जो अब नामुमकिन को मुमकिन बनाने का पर्याय बन चुका है रिंकू सिंह. मैच के 20वें ओवर की शुरुआत से पहले कोलकाता का स्कोर काफी साधारण नजर आ रहा था, लेकिन अगली चार गेंदों ने पूरे स्टेडियम का माहौल बदल कर रख दिया. कहानी शुरू होती है पारी के 19.2 ओवर से. लखनऊ के गेंदबाज दिगवेश सिंह राठी के हाथ में गेंद थी और सामने खड़े थे रिंकू सिंह. राठी ने एक गुगली फेंकी, जिसे रिंकू ने भांप लिया. उन्होंने क्रीज का इस्तेमाल किया और बल्ले के बीचों-बीच न लगने के बावजूद अपनी ताकत के दम पर गेंद को लॉन्ग-ऑन बाउंड्री के पार पहुंचा दियाय. यह उस तूफान की पहली दस्तक थी जो अगली तीन गेंदों पर आने वाला था.

अगली गेंद यानी 19.3 ओवर पर राठी ने गेंद को थोड़ा बाहर की ओर पिच किया. रिंकू सिंह (Rinku Singh) ने ‘इनसाइड-आउट’ शॉट खेलते हुए एक्स्ट्रा कवर के ऊपर से एक शानदार छक्का जड़ा. यहां फील्डर मुकुल चौधरी की एक छोटी सी गलती केकेआर के काम आई, क्योंकि वे बाउंड्री रोप से थोड़ा अंदर खड़े थे और गेंद उनके ऊपर से निकल गई. रिंकू के बल्ले से अब आग उगलना शुरू हो चुकी थी. 19.4 ओवर पर राठी ने दबाव में आकर गेंद को फिर से बाहर की ओर रखा, लेकिन इस बार रिंकू पहले से तैयार थे. उन्होंने थोड़ा नीचे झुककर गेंद के नीचे बल्ला लगाया और छक्कों की हैट्रिक पूरी कर दी. लॉन्ग-ऑन का स्टैंड इस शॉट से गूंज उठा. लेकिन असली धमाका अभी बाकी था. आखिरी ओवर की पांचवीं गेंद यानी 19.5 ओवर पर राठी ने राउंड द विकेट आकर कोशिश की, लेकिन गेंद फुल टॉस बन गई. रिंकू ने पूरी ताकत के साथ बल्ला घुमाया और गेंद को ‘काउ कॉर्नर’ के बाहर फेंक दिया. लगातार चार गेंदों पर चार छक्के. रिंकू सिंह की इस आतिशी बल्लेबाजी ने कोलकाता के स्कोर को एक लड़ने लायक सम्मानजनक स्थिति में पहुंचा दिया.

रिंकू सिंह ने आखिरी ओवर में लगातार चार छक्के जड़े.

लड़खड़ाती शुरुआत और रिंकू का सहारा
अगर इस मैच की शुरुआत को देखें, तो कोलकाता नाइट राइडर्स की हालत एक समय बेहद नाजुक थी. कप्तान अजिंक्य रहाणे सिर्फ 10 रन बनाकर मोहसिन खान का शिकार हो गए थे, जबकि विकेटकीपर बल्लेबाज टिम सीफर्ट तो खाता भी नहीं खोल सके. अंगकृष रघुवंशी ने 9 रन बनाए, लेकिन वे अपनी पारी को आगे नहीं बढ़ा पाए. मध्यक्रम में कैमरून ग्रीन ने जरूर थोड़ी जान फूंकने की कोशिश की. उन्होंने 21 गेंदों पर 3 छक्कों की मदद से 34 रनों की तेज तर्रार पारी खेली, लेकिन मोहसिन खान की गेंदबाजी के सामने वो भी टिक नहीं सके. रोवमैन पॉवेल और अनुकुल रॉय के सस्ते में आउट होने के बाद ऐसा लग रहा था कि कोलकाता 120-130 के स्कोर पर सिमट जाएगी. रमनदीप सिंह ने 11 गेंदें खेलीं पर वे भी केवल 6 रन ही बना सके.

आंकड़ों में रिंकू की जादुई पारी
एक छोर पर विकेट गिरते रहे, लेकिन दूसरे छोर पर रिंकू सिंह चट्टान की तरह डटे रहे.रिंकू ने अपनी नाबाद 83 रनों की पारी के लिए 51 गेंदों का सामना किया. उनकी इस पारी में 7 चौके और 5 गगनचुंबी छक्के शामिल थे. सबसे दिलचस्प बात यह रही कि उनका स्ट्राइक रेट 162.75 का रहा, जो यह बताता है कि उन्होंने न केवल विकेट बचाए बल्कि रन गति को भी बनाए रखा.अंत में सुनील नरेन ने 6 गेंदों पर 4 रन बनाकर रिंकू का साथ निभाया और स्कोर को 155 रन तक पहुंचाया.

लखनऊ की घातक गेंदबाजी
लखनऊ सुपर जायंट्स की ओर से मोहसिन खान सबसे सफल गेंदबाज रहे. उन्होंने कोलकाता के ऊपरी और मध्य क्रम को पूरी तरह तहस-नहस कर दिया. मोहसिन ने रहाणे, सीफर्ट, ग्रीन, पॉवेल और अनुकूल रॉय के बड़े विकेट चटकाए. वहीं जॉर्ज लिंडे ने रमनदीप सिंह का विकेट लिया. लखनऊ के गेंदबाजों ने 20वें ओवर तक मैच पर अपनी पकड़ मजबूत रखी थी, लेकिन रिंकू सिंह के आखिरी पलों के प्रहार ने उनके समीकरण बिगाड़ दिए. कोलकाता ने निर्धारित 20 ओवरों में 7 विकेट खोकर 155 रन बनाए. इसमें अतिरिक्त रनों का भी 8 रनों का योगदान रहा. कुल मिलाकर, यह मैच रिंकू सिंह की उस अटूट इच्छाशक्ति का गवाह बना, जिसके दम पर उन्होंने हारी हुई बाजी को एक कड़े मुकाबले में तब्दील कर दिया. लखनऊ के लिए 156 रनों का लक्ष्य अब उतना आसान नहीं होने वाला था, जितना वो रिंकू के उन चार छक्कों से पहले लग रहा था.

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Kamlesh Raiचीफ सब एडिटर

कमलेश राय वर्तमान में News18 इंडिया में बतौर चीफ सब-एडिटर कार्यरत हैं. 17 वर्षों से अधिक के अपने सुदीर्घ पत्रकारीय सफर में उन्होंने डिजिटल मीडिया की बारीकियों और खबरों की गहरी समझ के साथ एक विशिष्ट पहचान बनाई ह…और पढ़ें



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