Last Updated:
babar azam front runner for test captaincy: बांग्लादेश के खिलाफ पहले टेस्ट में मिली 104 रनों की शर्मनाक हार के बाद पाकिस्तान क्रिकेट में बड़े बदलाव के संकेत हैं. लगातार खराब फॉर्म और कप्तानी में विफलता के कारण शान मसूद की छुट्टी तय मानी जा रही है. सूत्रों के अनुसार, पीसीबी एक बार फिर बाबर आज़म को टेस्ट कमान सौंपने की तैयारी कर रहा है.मसूद अब बोर्ड में प्रशासनिक भूमिका निभा सकते हैं, जबकि बोर्ड बाबर के नेतृत्व में आगामी विश्व टेस्ट चैंपियनशिप और वनडे वर्ल्ड कप की नींव रखना चाहता है.
बाबर आजम बनाए जा सकते हैं पाकिस्तान टेस्ट टीम के कप्तान.
कराची. पाकिस्तान क्रिकेट में एक बार फिर बदलाव की लहर दौड़ रही है. बांग्लादेश के खिलाफ ढाका में खेले गए पहले टेस्ट मैच में मिली 104 रनों की शर्मनाक हार के बाद पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड टेस्ट टीम की कमान में बड़ा बदलाव करने की तैयारी में है. सूत्रों की मानें तो मौजूदा कप्तान शान मसूद को हटाकर स्टार बल्लेबाज बाबर आजम को एक बार फिर सफेद कपड़ों में टीम की कप्तानी सौंपी जा सकती है. ढाका टेस्ट में मिली करारी शिकस्त के बाद पाकिस्तान में क्रिकेट फैंस और पूर्व क्रिकेटरों का गुस्सा सातवें आसमान पर है. न केवल टीम का प्रदर्शन औसत दर्जे का रहा, बल्कि कप्तान शान मसूद की रणनीति और उनकी व्यक्तिगत फॉर्म पर भी बड़े सवालिया निशान खड़े हो गए हैं. मसूद दोनों पारियों में बल्ले से फ्लॉप रहे, जिससे टीम के मध्यक्रम पर दबाव बढ़ गया.
दिसंबर 2023 में कप्तानी संभालने के बाद से मसूद का रिकॉर्ड बेहद निराशाजनक रहा है. उनके नेतृत्व में पाकिस्तान ने अब तक 15 मैचों में से 11 में हार का सामना किया है. विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) के मौजूदा चक्र को देखते हुए बोर्ड अब और जोखिम लेने के मूड में नहीं दिख रहा है. बाबर आजम घुटने की चोट के कारण बांग्लादेश के खिलाफ पहला टेस्ट नहीं खेल सके थे, लेकिन 18 मई से शुरू होने वाले दूसरे टेस्ट में उनकी वापसी लगभग तय है. टीम के करीबी सूत्रों का कहना है कि पीसीबी के भीतर एक शक्तिशाली गुट बाबर को दोबारा कप्तान बनाने के पक्ष में है.
बाबर आजम बनाए जा सकते हैं पाकिस्तान टेस्ट टीम के कप्तान.
7 मैचों के लिए बाबर ही सबसे सही विकल्प हैं
पीसीबी सूत्र ने कहा कि बोर्ड के कुछ प्रभावशाली अधिकारी मानते हैं कि विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के बचे हुए 7 मैचों के लिए बाबर ही सबसे सही विकल्प हैं. टीम के भीतर भी खिलाड़ियों का एक बड़ा वर्ग बाबर के नेतृत्व में खेलने को उत्सुक है. बाबर ने इससे पहले 2019 से 2023 तक तीनों प्रारूपों में पाकिस्तान की कप्तानी की थी. हालांकि, 2023 वनडे वर्ल्ड कप के बाद उन्हें पद छोड़ना पड़ा था. इसके बाद उन्हें टी20 का कप्तान बनाया गया, लेकिन 2024 टी20 वर्ल्ड कप में खराब प्रदर्शन के बाद उन्होंने खुद इस्तीफा दे दिया था. अब बोर्ड उन्हें एक बार फिर लंबी अवधि के लिए कप्तानी सौंपने पर विचार कर रहा है.
शान मसूद का बदला हुआ मन?
दिलचस्प बात यह है कि केवल बोर्ड ही बदलाव नहीं चाह रहा, बल्कि खुद शान मसूद भी अपनी भूमिका को लेकर पुनर्विचार कर रहे हैं. ढाका में मिली हार से वे व्यक्तिगत रूप से काफी आहत हैं. सूत्रों के अनुसार, मसूद अब मैदान के बाहर की जिम्मेदारी निभाने की सोच रहे हैं. पिछले साल पीसीबी अध्यक्ष मोहसिन नकवी ने उन्हें ‘निदेशक अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट और खिलाड़ी मामले’ के पद का प्रस्ताव दिया था. उस समय मसूद ने टेस्ट चैंपियनशिप पर ध्यान देने के लिए इसे ठुकरा दिया था, लेकिन अब वे इस प्रशासनिक भूमिका को स्वीकार करने पर गंभीरता से विचार कर रहे हैं.
वर्ल्ड कप पर नजर
पीसीबी की योजना केवल टेस्ट तक सीमित नहीं है. बोर्ड चाहता है कि बाबर को टेस्ट कप्तान बनाकर उनकी फॉर्म और आत्मविश्वास को वापस लाया जाए, ताकि अगले साल होने वाले वनडे वर्ल्ड कप से पहले उन्हें वनडे टीम की कमान भी सौंपी जा सके. फिलहाल वनडे की जिम्मेदारी शाहीन शाह अफरीदी और टी20 की कमान सलमान अली आगा के पास है, जो इस समय बांग्लादेश दौरे पर टीम का हिस्सा हैं. पाकिस्तान क्रिकेट में स्थिरता हमेशा से एक चुनौती रही है. क्या बाबर आजम की वापसी टीम की डूबती नैया को पार लगा पाएगी या यह एक और अल्पकालिक प्रयोग साबित होगा, यह तो आने वाला वक्त ही बताएगा. फिलहाल, सबकी निगाहें 18 मई को शुरू होने वाले दूसरे टेस्ट पर टिकी हैं.
About the Author

कमलेश राय वर्तमान में News18 इंडिया में बतौर चीफ सब-एडिटर कार्यरत हैं. 17 वर्षों से अधिक के अपने सुदीर्घ पत्रकारीय सफर में उन्होंने डिजिटल मीडिया की बारीकियों और खबरों की गहरी समझ के साथ एक विशिष्ट पहचान बनाई ह…और पढ़ें


