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गेहूं की कटाई के बाद खाली पड़े खेत किसानों के लिए कमाई का बड़ा जरिया बन सकते हैं. कृषि वैज्ञानिकों के अनुसार नेपियर यानी हाथी घास की खेती कर किसान सालभर हरा चारा प्राप्त करने के साथ बाजार में बेचकर अच्छा मुनाफा भी कमा सकते हैं.
मुरादाबाद. गेहूं की कटाई होने के बाद यदि आपका खेत भी खाली पड़ा है और आप सोच रहे हैं कि इस खेत में ऐसा क्या लगाया जाए जिससे मुनाफा भी हो सके और आपके पशुओं को चारा भी मिल सके, ऐसे में बहुत सी ऐसी फसल है. जिनको लगाकर हरा चारा भी प्राप्त किया जा सकता है और अच्छा मुनाफा भी कमाया जा सकता है. वैज्ञानिक विधि से हम हाथी घास लगा सकतें है, जिसको लगाकर हरा चारा प्राप्त किया जा सकता है. साथ ही उस चारे को मार्केट में सेल कर अच्छा मुनाफा कमा सकते हैं. साथ ही अपने पशुओं को भी हरा चारा खिला सकते हैं और मार्केट में सेल कर अच्छा मुनाफा भी कमा सकते हैं.
इस तरह से करें खेती
मुरादाबाद के कृषि वैज्ञानिक डॉ. दीपक मेहंदीरत्ता ने बताया कि गेहूं कटाई के बाद में बहुत से किसानों के खेत खाली रह जाते हैं और बहुत उस खेत का इस्तेमाल नहीं कर पाते हैं, तो ऐसे में खाली पड़े खेत का इस्तेमाल कर सकते हैं. ऐसे में किसान नेपियर घास जिसे हाथी घास बोलते है उसे लगा सकतें है. यह स्लिप के माध्यम से लगती है और 12 हजार से 15 हजार प्रति हेक्टेयर स्लिप की आवश्यकता होती है. 75 सेंटीमीटर से 90 सेंटीमीटर लाइन से लाइन की दूरी और 50 सेंटीमीटर पौधे से पौधे की दूरी रखते हुए हम इसका रोपण करते है. इसकी एक गांठ यानी जो स्लिप लेंगे उसकी एक गांठ ऊपर रहनी चाहिए, उससे हम वुबाई करतें है. इसके साथ ही यह आपकी 90 दिन में फसल तैयार होकर कटने के लिए तैयार हो जाती है. उसके बाद 35 से 40 दिन के अंदर हम उसकी कटाई कर सकतें है.
मुनाफा भी कमा सकतें है किसान
800 से 1000 कुंटल प्रति हेक्टेयर तक का उत्पादन हम इस घास का ले सकतें है. कटाई करने के बाद इसके ऊपर उर्वरक का छिड़काव जरूर कर दें. इससे पूरे वर्ष किसानों के लिए हरे चारे की आवश्यकता पूरी होती रहती है. साथ ही किसान इस हरे चारे को सेल करके भी अच्छा मुनाफा कमा सकता है. क्योंकि बड़ी संख्या में अगर इसका उत्पादन करेंगे, तो मार्किट में भी इसे सेल कर देंगे जिससे उनके पशुओं को भी हरा चारा मिलता रहेगा. साथ ही मार्केट में सेल करके भी उन्हें मुनाफा मिल जाएगा. इसके साथ ही जो किसान घास की खेती करना चाहतें है वह पूरे वर्ष इस घास की खेती को कर सकतें है.
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नमस्ते मेरा नाम मोनाली है, पेशे से पत्रकार हूं, ख़बरें लिखने का काम है. लेकिन कैमरे पर समाचार पढ़ना बेहद पसंद है. 2016 में पत्रकारिता में मास्टर्स करने के बाद पांच साल कैमरे पर न्यूज़ पढ़ने के साथ डेस्क पर खबरे…और पढ़ें


