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पूर्व भारतीय क्रिकेट एल. शिवरामकृष्णन के हालिया सोशल मीडिया पर किए गए पोस्ट ने क्रिकेट जगत में खलबली मचा दी है. उन्होंने भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी बीसीसीआई पर गंभीर आरोप लगाया है. उनका कहना है कि बड़े भाई के अंतिम संस्कार के तुरंत बाद ही ऑस्ट्रेलिया और भारत के बीच चल रहे मैच की कमेंट्री के लिए उनको आने कहा गया था.
पूर्व क्रिकेटर एल. शिवरामकृष्णन ने बीसीसीआई पर लगाए गंभीर आरोप
नई दिल्ली. भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व स्पिनर एल. शिवरामकृष्णन पिछले कुछ दिनों से बीसीसीआई पर लगातार आरोप लगा रहे हैं. अब उन्होंने एक चौंकाने वाला दावा किया है. उनका कहना है कि कुछ साल पहले अपने बड़े भाई के अंतिम संस्कार के कुछ ही समय बाद एक बीसीसीआई अधिकारी ने उन्हें फोन कर वापस काम पर लौटने की बात कही थी.
पूर्व क्रिकेटर ने सोशल मीडिया के जरिए पिछले कुछ दिनों में बीसीसीआई पर पक्षपात और उनको मजबूर करने का आरोप लगाया है. उन्होंने इससे पहले रंगभेद का संगीन आरोप लगाया था और अब तो ऐसा कुछ कह दिया जिसको सुनकर कोई भी सोच में पड़ जाए. शिवरामाकृष्णन का कहना है कि बड़े भाई के अंतिम संस्कार के तुरंत बाद ही उनको बीसीसीआई की तरफ से फोन करके पूछा गया था कि कि सभी रस्में पूरी हो गई हैं, तो वह मोहाली में भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच टेस्ट मैच के लिए कमेंट्री पैनल में शामिल जाएं.
शिवरामकृष्णन ने बताया कि उन्होंने अपने भाई के निधन के बावजूद कमेंट्री की जिम्मेदारी निभाई. उन्होंने एक और घटना का जिक्र किया जिसमें उनकी मां पुणे में कमेंट्री करते समय गुजर गईं. उन्होंने इन उदाहरणों के जरिए अपनी नौकरी के प्रति समर्पण को उजागर किया और बताया कि इन “बलिदानों” के बावजूद उन्हें लगातार नजरअंदाज किया गया और पर्याप्त मौके नहीं मिले.
शिवरामकृष्णन ने एक्स पर पोस्ट किया, “मेरे बड़े भाई का कुछ साल पहले निधन हो गया था. हमने शाम को अंतिम संस्कार किया, उसके कुछ ही मिनट बाद बीसीसीआई के डायरेक्टर ब्रॉडकास्टिंग ने मुझे फोन किया और कहा, ‘अब जब अंतिम संस्कार हो गया है, क्या आप अगली सुबह फ्लाइट लेकर मोहाली में भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया टेस्ट की कमेंट्री कर सकते हैं?’ मैं गया.” .
इस साल की शुरुआत में शिवरामकृष्णन ने कमेंट्री से संन्यास लेने की घोषणा की थी, उन्होंने मौके की कमी का हवाला देते हुए कहा था कि वह “रंगभेद” के शिकार रहे हैं. एक अन्य पोस्ट में, जब एक यूजर ने उनसे उस समय के बीसीसीआई अधिकारी की पहचान पूछी, तो शिवरामकृष्णन ने लिखा, “जो अब हैं. वही व्यक्ति जिसकी वजह से मैंने संन्यास लिया.”
शिवरामकृष्णन ने 1983 से 1987 के बीच 9 टेस्ट और 16 वनडे खेले, जिनमें कुल 41 विकेट लिए. बाद में उन्होंने कमेंट्री की ओर रुख किया और पहले भी बताया था कि वह जीवन भर “रंगभेद” का सामना करते रहे हैं और अब इसके आदी हो गए हैं.
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विप्लव कुमार 2022 से न्यूज18 के साथ काम कर रहे हैं. रीडर्स के लिए दिन की शुरुआत अच्छी हो इसकी खास जिम्मेदारी उनके कंधे पर होती है. सुबह की शिफ्ट में आकर पिछले दिन हुई रोचक घटना से लेकर पूरे दिन होने वाली गतिविध…और पढ़ें


